चोरी फिर सीनाजोरी… मुलताई में प्रिंट रेट से अधिक दामों में बेची जा रही शराब, शिकायत पर वादविवाद और अभद्र व्यवहार का शिकार हो रहे सुराप्रेमी
✓चोरी फिर सीनाजोरी… मुलताई में प्रिंट रेट से अधिक दामों में बेची जा रही शराब, शिकायत पर वादविवाद और अभद्र व्यवहार का शिकार हो रहे सुराप्रेमी
✓शराब ठेकेदारों की खुली लूट प्रिंट रेट से अधिक दाम में बेची जा रही है शराब
✓कर्मचारी करते है ग्राहकों के साथ अभद्र व्यवहार
रिपोर्टर राजेश खड़से परिधि न्यूज मुलताई
नगर सहित आसपास की शराब दुकानों पर शराब ठेकेदारों द्वारा ग्राहकों से खुली लूट की जा रही है।देखने में आ रहा है कि प्रिंट रेट से अधिक में शराब बेची जा रही है। शिकायत करने पर ठेकेदार के कर्मचारी ग्राहकों के साथ अभद्र व्यवहार करते हैं। जानकारी के अनुसार 1 अप्रैल से चालू हुए नए वित्तीय वर्ष में शराब ठेकेदारों द्वारा सिंडिकेट बनाकर नगर सहित आसपास में ठेका संचालित किया जा रहा है, जिसमें₹600 वाली शराब सीधे-सीधे 680 रुपए में बेची जा रही है। वही बियर के भी दामों को बढ़ाकर वसूला जा रहा हैं। इसकी पुष्टि के लिए अलग अलग दुकानों से शराब की खरीदी की गई और सच सामने आया। आबकारी विभाग की खुली छूट और किसी तरह का नियंत्रण न होने से ठेकेदार मनमानी कर रहे हैं, जबकि शराब के निश्चित और प्रिंट रेट अनुसार ही पैसा वसूली के लिए ठेकेदार को विभाग द्वारा निर्देशित किया जाना चाहिए।
शराब की दुकानों पर चस्पा नही है रेट लिस्ट
शराब की दुकानों पर शासन द्वारा निर्धारित दर की नई रेट लिस्ट भी शराब दुकानों ने चस्पा नही की है। अक्सर प्रिंट रेट से अधिक दाम पर शराब बेचे जाने पर शराब दुकानों पर अक्सर वाद विवाद की स्थिति निर्मित हो रही है।यही नही शराब का बिल भी नही दिया जा रहा है।
जब इस बारे में बात करने आबकारी विभाग के अधिकारी एसके देवांगन को फोन किया गया तो उन्होंने फोन नहीं उठाया। इस स्थिति में जिला आबकारी अधिकारी अंशुमन सिंह से जब चर्चा की गई तो उनका कहना है कि अगर किसी भी दुकान पर प्रिंट रेट से अधिक दाम लिए जा रहे हैं तो उसकी जांच कर उचित कार्यवाही की जायेंगी। उन्होंने कहा कि सभी दुकानों पर रेट लिस्ट लगाने के आदेश जारी किए गए है।प्रिंट रेट से अधिक पैसा नही लिया जा सकता है।