➡️कुत्ते के काटने पर अब मालिकों पर होगी एफआईआर ➡️सड़क पर घूमते मिले मवेशी तो मालिक से वसूला जाएगा 2 हजार रुपये जुर्माना
➡️कुत्ते के काटने पर अब मालिकों पर होगी एफआईआर
➡️कुत्तों का पंजीयन और एंटी रेबीज टीकाकरण के निर्देश
परिधि न्यूज बैतूल सिटी

नगर पालिका परिषद बैतूल ने शहरवासियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पालतू और आवारा कुत्तों को लेकर सख्त रुख अपनाया है। नगर पालिका ने स्पष्ट किया है कि यदि किसी पालतू कुत्ते द्वारा किसी व्यक्ति को काटा जाता है अथवा घायल किया जाता है, तो संबंधित कुत्ता मालिक के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। इसी प्रकार आवारा कुत्तों को आश्रय देने वाले व्यक्तियों को भी जिम्मेदार मानते हुए उनके खिलाफ कानूनी कदम उठाए जाएंगे।
मुख्य नगर पालिका अधिकारी द्वारा जारी सूचना के अनुसार, नगरपालिका अधिनियम के तहत सार्वजनिक स्थानों पर कुत्तों को अनियंत्रित छोड़ना, बिना सुरक्षा उपायों के घुमाना तथा नागरिकों की सुरक्षा को खतरे में डालना दंडनीय अपराध की श्रेणी में आता है। नगर पालिका को ऐसे कुत्तों को पकड़ने, जब्त करने और आवश्यक कार्रवाई करने का अधिकार प्राप्त है।
नगर पालिका ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि किसी कुत्ते के कारण किसी व्यक्ति को शारीरिक क्षति पहुंचती है या मानव जीवन एवं सुरक्षा को खतरा उत्पन्न होता है, तो संबंधित कुत्ता मालिक अथवा आवारा कुत्तों को आश्रय देने वाले व्यक्ति के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023 की प्रासंगिक धाराओं के अंतर्गत एफआईआर दर्ज कर पुलिस द्वारा विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
नगर पालिका परिषद ने सभी पालतू कुत्ता मालिकों एवं आवारा कुत्तों को आश्रय देने वाले लोगों को अपने कुत्तों का अनिवार्य रूप से पंजीयन कराने, एंटी रेबीज टीकाकरण करवाने, सार्वजनिक स्थानों पर पट्टा (लीश) का उपयोग करने तथा कुत्तों को अनियंत्रित रूप से न छोड़ने के निर्देश दिए हैं। नगर पालिका ने चेतावनी दी है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
➡️सड़क पर घूमते मिले मवेशी तो मालिक से वसूला जाएगा 2 हजार रुपये जुर्माना
➡️नगर पालिका का अल्टीमेटम, मवेशियों का पंजीयन कराएं, सड़क पर छोड़ा तो होगी कार्रवाई

नगर पालिका परिषद बैतूल ने नगरीय सीमा में आवारा मवेशियों की बढ़ती समस्या, यातायात बाधित होने और जनसुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पशुपालकों के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं। अब नगर सीमा में मवेशी रखने वाले सभी पशुपालकों के लिए नगर पालिका में पंजीयन कराना अनिवार्य होगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रति मवेशी 2 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया जाएगा, वहीं बार-बार नियम तोड़ने पर कठोर वैधानिक कार्रवाई भी की जाएगी।
मुख्य नगर पालिका अधिकारी द्वारा जारी सूचना के अनुसार नगरीय क्षेत्र के समस्त पशुपालकों एवं मवेशी मालिकों को अपने मवेशियों का पंजीयन नगर पालिका परिषद बैतूल की राजस्व शाखा में निर्धारित समयावधि के भीतर आवश्यक दस्तावेजों के साथ कराना सुनिश्चित करना होगा। जिन पशुपालकों ने अभी तक पंजीयन नहीं कराया है, उन्हें तत्काल यह प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं।
नगर पालिका ने स्पष्ट किया है कि किसी भी पशुपालक द्वारा मवेशियों को सड़क, चौराहों, बाजार क्षेत्रों, सार्वजनिक स्थलों अथवा अन्य सार्वजनिक स्थानों पर खुला छोड़ना प्रतिबंधित है। निरीक्षण के दौरान यदि कोई मवेशी आवारा अवस्था में घूमता हुआ पाया जाता है तो संबंधित मवेशी मालिक के विरुद्ध नगर पालिका अधिनियम एवं प्रचलित उपविधियों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
परिषद के निर्णय के अनुसार नगर पालिका परिषद बैतूल द्वारा पकड़े गए प्रत्येक आवारा मवेशी के लिए संबंधित मालिक पर 2 हजार रुपये प्रति मवेशी का अर्थदंड अधिरोपित किया जाएगा। मध्य प्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 तथा नगर पालिका की प्रचलित उपविधियों के अंतर्गत सार्वजनिक मार्गों पर अवरोध उत्पन्न करने, जनसुरक्षा को प्रभावित करने तथा पशुओं को आवारा छोड़ने पर दंडात्मक कार्रवाई का प्रावधान है। नगर पालिका ने चेतावनी दी है कि बार-बार उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित पशुपालकों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।